लद्दाख में पर्यावरण बचाने के लिए बड़ी पहल, 100 पूर्व सैनिक संभालेंगे मोर्चा, मौके पर ही काट सकेंगे चालान

बढ़ते पर्यटन और पर्यावरण को हो रहे नुकसान के बीच लद्दाख प्रशासन ने एक अहम कदम उठाया है। केंद्र शासित प्रदेश में पर्यावरण की सुरक्षा के लिए 100 पूर्व सैनिकों को नए पर्यावरण संरक्षण बल (Environmental Protection Force-EPF) में शामिल किया गया है। लद्दाख के एलजी वीके सक्सेना ने EPF के जवानों को हरी झंडी दिखाने के साथ पर्यावरण संरक्षण की शपथ भी दिलाई।

आर्थिक संकट के बावजूद नहीं मानी हार, UPSC में हासिल करी 89वीं रैंक

Ladakh DGP:

Ladakh DGP: केंद्रशासित प्रदेश लद्दाख के नए पुलिस महानिदेशक (DGP) के रूप में 1999 बैच के आईपीएस अधिकारी आनंद जैन ने पद ग्रहण कर लिया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने हाल ही में उनकी नियुक्ति का आदेश जारी किया था। Ladakh DGP: आनंद के लिए यह सफर आसान नहीं था- मध्य प्रदेश के बुरहानपुर से … Read more

अब लद्दाख में मिलेगी हार्ड शराब, 20 नई दुकानें खुलेंगी

लद्दाख में शराब को लेकर बड़ा बदलाव किया गया है। केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन ने नई आबकारी नीति लागू कर दी है, जिसके तहत अब केवल बीयर ही नहीं बल्कि विदेशी शराब और IMFL भी अधिकृत दुकानों पर उपलब्ध होगी। नई नीति के अनुसार शराब की दुकानें धार्मिक स्थलों, स्कूल-कॉलेजों, अस्पतालों और सार्वजनिक पार्कों से कम से कम 100 मीटर की दूरी पर ही खोली जा सकेंगी।

सिंधु नदी पर बना अनोखा डैम, किसानों को मिलेगा 4 करोड़ लीटर पानी का फायदा

लद्दाख में पानी की कमी से जूझ रहे किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर आई है। लद्दाख प्रशासन ने सिंधु नदी पर एक खास तरह का ‘रॉक चेक डैम’ तैयार किया है। इस परियोजना को पर्यावरण-अनुकूल मॉडल के तौर पर भी देखा जा रहा है। चूंकि इसमें सिर्फ स्थानीय पत्थरों का इस्तेमाल किया गया है, इसलिए यह हिमालयी नदियों के प्राकृतिक संतुलन को नुकसान नहीं पहुंचाता।

लद्दाख में बड़ा प्रशासनिक बदलाव: 5 नए जिलों को मंजूरी, अब कुल संख्या 7

लद्दाख से इस वक्त बड़ी खबर सामने आई है। उन्होंने यह भी कहा कि नए जिलों के गठन से सिर्फ प्रशासन ही मजबूत नहीं होगा, बल्कि विकास, रोजगार और उद्यमिता के नए अवसर भी पैदा होंगे।

साल के आखिरी दिन धरती कांपी, भारत से जापान तक महसूस हुए भूकंप के झटके

साल के अंतिम दिन भारत समेत दुनिया के कई हिस्सों में भूकंपीय गतिविधियां दर्ज की गईं। भारत के पड़ोसी क्षेत्र तिब्बत में भी दोपहर 3:26 बजे 3.4 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया। यहां भी भूकंप का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर नीचे स्थित था।