Health Update: सुबह की ताजी हवा या शाम की सुकून भरी सैर, सेहत के लिए कौन सी वॉक है बेस्ट?

Health Update : वॉक सबसे सस्ती दवा है। न जिम की फीस, न ट्रेनर का झंझट। जूते पहने और निकल पड़े। मगर हर दिन एक ही सवाल सामने आ जाता है। सुबह टहलें या शाम को? फिटनेस एक्सपर्ट कहते हैं कि असली जादू समय में नहीं, निरंतरता में है। फिर भी दोनों वक्त की वॉक का … Read more

बीपी का मरीज़ और जिंदगी भर की दवा? जरूरी या मजबूरी, जानिए पूरा सच

बीपी के मरीज़ को सबसे पहले बीपी कैसे कंट्रोल में लाया जाए इस बात पर ध्यान देना चाहिए न कि दावा परमानेंट है या टेम्परेरी हैं। यह एक बड़ी गलतफहमी है , जब हम दावा लेते है तो बीपी की रीडिंग कम आने का मतलब होता है कि दावा असर कर रही है
कभी भी बिना डॉक्टर की सलाह के आप न दवा ले और न ही दवा छोड़े।

   

उत्तर प्रदेश के कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय की तबीयत बिगड़ी, मेदांता में भर्ती

वाराणसी से बड़ी खबर सामने आई है। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय की अचानक तबीयत बिगड़ने से सियासी हलकों में हलचल तेज हो गई है। अजय राय की तबीयत बिगड़ने की खबर ऐसे समय आई है, जब कांग्रेस यूपी में 2027 चुनाव की तैयारियों में जुटी है।

पीरियड्स के दौरान थकान और कमजोरी से बचने के लिए जरूरी है सही आहार और पर्याप्त आराम

पीरियड्स में स्वास्थ्य और देखभाल के आसान उपाय

पीरियड्स या मासिक धर्म महिलाओं की सामान्य प्रक्रिया है। सही आहार, पर्याप्त नींद और स्वच्छता से थकान, कमजोरी और एनीमिया जैसी समस्याओं को कम किया जा सकता है।

पीरियड्स में कौन-से योगासन हैं सबसे सुरक्षित? योग से पाएं क्रैम्प्स, मूड स्विंग और थकान से राहत

पीरियड्स में योग

योग मासिक धर्म के दौरान महिलाओं के लिए फायदेमंद माना जाता है। हल्का योग दर्द, तनाव और थकान कम करने में मदद करता है। विशेषज्ञों के अनुसार पीरियड्स में बालासन, शवासन जैसे आसान योगासन धीरे और आराम से करने चाहिए। यह शरीर में रक्त संचार सुधारने, ऐंठन कम करने और मानसिक शांति देने में सहायक है।

राजस्थान: कैंसर सुरक्षा अभियान तेज, 188 टीकाकरण सत्रों के साथ 1000 स्वास्थ्य केंद्रों पर बेटियों का टीकाकरण शुरू

बेटियों की सुरक्षा का अभियान

एचपीवी टीकाकरण अभियान किशोरी लड़कियों को सर्वाइकल कैंसर से बचाने के लिए शुरू किया गया है। इस पहल का उद्देश्य बेटियों के स्वास्थ्य को मजबूत करना और उन्हें गंभीर बीमारी के खतरे से सुरक्षित रखना है।

गर्भावस्था में सुपरफूड्स का कमाल! रोज खाएं ये 4 फल, मां और बच्चे दोनों रहेंगे सेहतमंद

प्रेग्नेंसी में सेहतमंद रहने के लिए जरूरी फल

गर्भावस्था के दौरान सही और पौष्टिक आहार लेना बेहद जरूरी होता है। सेब, अनार, संतरा और केला जैसे फल मां को ऊर्जा देने के साथ बच्चे के विकास में मदद करते हैं। इन फलों में विटामिन, मिनरल और एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो गर्भवती महिला और शिशु दोनों की सेहत को मजबूत बनाते हैं। डॉक्टर की सलाह से संतुलित मात्रा में इन फलों का सेवन करना चाहिए।

उत्तानमंडूकासन: कमर, गर्दन और कंधों की जकड़न दूर करने का सबसे आसान योगासन

आसान योग से पाएं दर्द और तनाव से राहत

उत्तानमंडूकासन एक सरल और प्रभावी योगासन है, जो कमर दर्द, कंधों की जकड़न, सांस की परेशानी और पाचन समस्या में लाभ देता है। यह रीढ़ को मजबूत बनाता है, फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है और शरीर में नई ऊर्जा लाता है। आयुष मंत्रालय भी इसके नियमित अभ्यास की सलाह देता है।

जीरो फैट की गलतफहमी छोड़ें: सीमित गुड फैट से ही मिलेगा स्वस्थ शरीर, सेहत के लिए जरूरी है संतुलित वसा का सेवन

गुड फैट से शरीर को मिलने वाले फायदे

गुड फैट शरीर की ऊर्जा, मस्तिष्क के सही काम और हार्मोन संतुलन के लिए जरूरी है। संतुलित मात्रा में अच्छे फैट का सेवन स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है।

खसरे का प्रकोप तेजी से बढ़ा, मंगोलिया में संक्रमितों की संख्या 14,000 के पार

पूर्वोत्तर एशिया का देश मंगोलिया वर्तमान में खसरे के संकट का सामना कर रहा है। देश के नेशनल सेंटर फॉर कम्युनिकेबल डिजीज (एनसीसीडी) ने सोमवार को बताया कि कुल मामलों की संख्या बढ़कर 14,123 हो गई है। खसरे के लक्षण आमतौर पर वायरस के संपर्क में आने के 10-14 दिन बाद दिखाई देते हैं। प्रारंभिक लक्षण आमतौर पर 4-7 दिनों तक रहते हैं, जिनमें नाक बहना, खांसी, लाल व पानी वाली आंखें और गालों के अंदर छोटे सफेद धब्बे शामिल हैं।