ईरान में अयातुल्ला खामेनेई के जनाजे में जुटे शीर्ष नेता, नए सुप्रीम लीडर मोजतबा की गैरमौजूदगी से बढ़ा सस्पेंस

ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन के बाद राजधानी तेहरान में आयोजित जनाजे की नमाज में देश के कई बड़े नेता और अधिकारी शामिल हुए। जानकारी के अनुसार, अयातुल्ला अली खामेनेई के पार्थिव शरीर को ईरान और इराक के कई शहरों में श्रद्धांजलि के लिए ले जाया जाएगा।

अमेरिका ने ईरान को पहले ही किया था अलर्ट: इजराइल अराघची और गालिबाफ को बना सकता था निशाना

अमेरिका-ईरान वार्ता से पहले बड़ा खुलासा

अमेरिका और ईरान की बातचीत के दौरान संभावित हमले की आशंका सामने आई। खामेनेई के अंतिम संस्कार से पहले ईरान में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पाकिस्तान ने ईरानी प्रतिनिधिमंडल को विशेष सुरक्षा दी, जबकि परमाणु नीति और होर्मुज स्ट्रेट को लेकर भी तनाव बढ़ गया है।

Ali Khamenei Funeral: आयतुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में कौन-कौन होगा शामिल? भारत के इन बड़े नेताओं को मिला ईरान का न्योता

Ali Khamenei Funeral: आयतुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में कौन-कौन होगा शामिल? भारत के इन बड़े नेताओं को मिला ईरान का न्योता

Ali Khamenei Funeral: ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता आयतुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। ईरानी सरकार ने 5 जुलाई से 9 जुलाई तक कई धार्मिक और राजकीय कार्यक्रम आयोजित करने का फैसला किया है। इन कार्यक्रमों में दुनिया के कई देशों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। … Read more

PM Modi नहीं जाएंगे अयातुल्ला खामेनेई के अंतिम संस्कार में, भारत की ओर से जाएंगे दो प्रतिनिधि

ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शामिल नहीं होंगे। रिपोर्ट्स के अनुसार, अयातुल्ला अली खामेनेई की 28 फरवरी को ईरान पर हुए इजराइल और अमेरिका के संयुक्त हमले में मौत हो गई थी। इसके बाद उनके बेटे मोजतबा अली खामेनेई को देश का नया सर्वोच्च नेता घोषित किया गया।

US-Iran को फिर कूटनीति का सहारा, दोहा में होगी अहम बैठक; स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर टिकी सबकी नजर

 US Iran Conflict:

US-Iran : अमेरिका और ईरान एक बार फिर एक-दूसरे पर हमले रोकने पर सहमत हो गए हैं। हाल के दिनों में बढ़े सैन्य तनाव के बाद अब शांति समझौते को बचाने के लिए मंगलवार को कतर की राजधानी दोहा में उच्च स्तरीय बैठक होने जा रही है। यह बैठक अंतरिम संघर्षविराम की घोषणा के 11 … Read more

PM मोदी को ईरान से मिला, अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने का निमंत्रण

ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने का निमंत्रण भेजा है। लंबे समय तक चले तनाव और संघर्ष के बाद ईरान और अमेरिका के बीच शांति बहाली की दिशा में बातचीत जारी है। दोनों देशों के नेताओं द्वारा अलग-अलग समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए जाने की खबरें सामने आई हैं।

Iran को लेकर ट्रंप का इटली पर हमला, बोले- “अमेरिका देता है सुरक्षा, लेकिन नहीं मिलता साथ”

Iran Update : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी और उनकी सरकार पर निशाना साधा है। ईरान और उसके परमाणु कार्यक्रम को लेकर ट्रंप ने आरोप लगाया कि अमेरिका वर्षों से इटली और NATO सहयोगियों की सुरक्षा पर भारी खर्च करता आया है, लेकिन जब अमेरिका को समर्थन … Read more

ईरान-अमेरिका वार्ता के लिए स्विट्जरलैंड रवाना हुए अधिकारी, पाकिस्तान के गृह मंत्री भी पहुंचे तेहरान

ईरान-अमेरिका वार्ता के लिए स्विट्जरलैंड रवाना हुए अधिकारी, पाकिस्तान के गृह मंत्री भी पहुंचे तेहरान, ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव के बावजूद दोनों देशों के बीच बातचीत की कोशिशें तेज हो गई हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि स्विट्जरलैंड में होने वाली बातचीत ईरान-अमेरिका संबंधों की दिशा तय कर सकती है।

Hormuz Strait फिर बंद, ईरान ने अमेरिका और इजरायल पर लगाया वादा तोड़ने का आरोप

मिडिल ईस्ट में शांति की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने शनिवार को ऐलान किया कि रणनीतिक रूप से बेहद अहम होर्मुज स्ट्रेट (Hormuz Strait) को एक बार फिर बंद कर दिया गया है। होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल और गैस व्यापार मार्गों में से एक है। यहां से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है।

ट्रंप ने फिर साधा निशाना, ईरान से लेकर मेलोनी और NATO तक पर बोला हमला

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर अपने आक्रामक अंदाज को लेकर चर्चा में हैं। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर करीब एक घंटे के भीतर तीन पोस्ट किए। ट्रंप के ताजा बयानों से अमेरिका और उसके सहयोगी देशों के बीच राजनीतिक बहस तेज होने की संभावना है।