अमेरिका की नाकेबंदी से घुटने लगा ईरान! तेल रखने की जगह खत्म, प्रोडक्शन पर बड़ी मार
दो महीने से चल रही अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग अब नए मोड़ पर पहुंच गई है। भले ही आर्थिक दबाव बढ़ रहा हो, लेकिन ईरान जल्दबाजी में कोई फैसला लेने के मूड में नहीं है।
दो महीने से चल रही अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग अब नए मोड़ पर पहुंच गई है। भले ही आर्थिक दबाव बढ़ रहा हो, लेकिन ईरान जल्दबाजी में कोई फैसला लेने के मूड में नहीं है।
ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने से इनकार किया है और अमेरिका पर नाकेबंदी का आरोप लगाया है। तेल कीमतें बढ़ रही हैं और वैश्विक असर दिख रहा है। भारत यूरिया खरीद बढ़ा रहा है, जबकि शांति वार्ता की कोशिशें जारी हैं, लेकिन तनाव अभी भी बना हुआ है।
ईरान और अमेरिका के बीच एक बार फिर तनाव चरम पर पहुंच गया है। होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर दोनों देशों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। ईरान ने यह भी दावा किया है कि उसे अमेरिका की ओर से नए प्रस्ताव मिले हैं और मध्यस्थ देशों के जरिए बातचीत की कोशिशें चल रही हैं।
दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य में एक बार फिर हालात तनावपूर्ण हो गए हैं। होर्मुज जलडमरूमध्य से दुनिया की करीब 20% तेल सप्लाई गुजरती है। ऐसे में यहां किसी भी तरह का तनाव सीधे ग्लोबल एनर्जी मार्केट को प्रभावित कर सकता है।
ईरान–इजरायल–अमेरिका के बीच तनाव भले फिलहाल शांत होता दिख रहा हो, लेकिन दुनिया के सबसे अहम तेल मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर स्थिति अभी भी सामान्य नहीं हुई है। वैश्विक स्तर पर बढ़ते तनाव और अनिश्चितता के कारण जहाजों, माल और क्रू की सुरक्षा पर खतरा बढ़ गया है। इसके चलते बीमा महंगा और मुश्किल होता जा रहा है।
ईरान ने शुक्रवार को बड़ा एलान करते हुए कहा कि अमेरिका के साथ जारी सीजफायर के दौरान होर्मुज स्ट्रेट पूरी तरह खुला रहेगा और इस दौरान सभी कमर्शियल जहाजों को आने-जाने की पूरी अनुमति होगी। फिलहाल इस फैसले को सीजफायर के दौरान सबसे बड़ी राहत भरी खबर माना जा रहा है, जिससे संकेत मिल रहे हैं कि 28 फरवरी से शुरू हुआ यह संघर्ष अब खत्म होने की दिशा में बढ़ सकता है।
मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य एक बार फिर वैश्विक राजनीति और ऊर्जा सुरक्षा का केंद्र बन गया है। UNCLOS नियम तो देता है, लेकिन उसे लागू कराने का कोई मजबूत वैश्विक सिस्टम नहीं है।
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच चीन के राष्ट्रपति Xi Jinping ने पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र को लेकर बड़ा बयान दिया है। चीन ने Strait of Hormuz से बिना किसी रुकावट के आवागमन सुनिश्चित करने की अपील की है।
भारत के लिए राहत की खबर सामने आई है। भारत का एलपीजी जहाज ‘जग विक्रम’ सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर चुका है और अब अपने गंतव्य की ओर बढ़ रहा है। होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे अहम ऊर्जा मार्गों में से एक है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल और गैस की सप्लाई होती है।
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। ट्रम्प ने ईरान को होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने की चेतावनी दी है, जबकि मिसाइल हमले, अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाएं और युद्ध की आशंका से हालात और गंभीर हो गए हैं।